Tag Archives: yaar

सुने कौन आलाप मेरे

  पनाह मेरी यार मेरे, शौक की फटकार मेरे, मालिको मौला भी हो, और हो पहरेदार मेरे । नूह तू ही रूह तू ही, कुरंग तू ही तीर तू ही,…

बिन मेरे

  इक सफर पर मैं रहा, बिन मेरे उस जगह दिल खुल गया, बिन मेरे वो चाँद जो मुझ से छिप गया पूरा रुख़ पर रुख़ रख कर मेरे, बिन…

दिन चारि चउगान मैं खेल, खड़ी

दिन चारि चउगान मैं खेल, खड़ी, देखां कउन जीतै बाजी कउन हारै । घोड़ा कउन का चाकि चालाकि चाले, देखां हाथि हिंमति करि कउन डारै ।। इसु जीउ परि बाजिया…

अहनिसि वसि रही दिल मेरे

अहनिसि वसि रही दिल मेरे, सूरति यारु प्यारे दी ।बाग़ तेरा बगीचा तेरा, मैं बुलिबुलि बाग़ तेहारे दी ।। आपने शहु नूं आप रीझावां, हाजति नहीं पसारे दी ।1। कहै…

डाढा बेपरवाह,

डाढा बेपरवाह, मैड्डी लाज तैं पर आही । हत्थी महन्दी पैरीं महन्दी, खारे चाय बहाई । सस्स निनाणां देंदियां ताहने, दाज वेहूनी आई । सुन्ने मुन्ने दायम रुन्ने, चरखै जीउ…

पुकारती है ख़ामोशी मेरी फ़ुगां की तरह

पुकारती है ख़ामोशी मेरी फ़ुगां की तरह निगाहें कहती हैं सब राज़-ए-दिल ज़ुबां की तरह जला के दाग़-ए-मुहब्बत ने दिल को ख़ाक किया बहार आई मेरे बाग में ख़िज़ां की…

अजब अपना हाल होता जो विसाल-ए-यार होता

अजब अपना हाल होता जो विसाल-ए-यार होता कभी जान सदक़े होती कभी दिल निसार होता न मज़ा है दुश्मनी में न है लुत्फ़ दोस्ती में कोई ग़ैर ग़ैर होता कोई…

रात भर मुझको गम-ए-यार ने सोने न दिया

रात भर मुझको गम-ए-यार ने सोने न दिया सुबह को खौफे शबे तार न सोने न दिया शम्अ की तरह मुझे रात कटी सूली पर चैन से यादे कदे यार…

शक्ल जब बस गई आँखों में तो छुपना कैसा

शक्ल जब बस गई आँखों में तो छुपना कैसा दिल में घर करके मेरी जान ये परदा कैसा आप मौजूद हैं हाज़िर है ये सामान-ए-निशात उज़्र सब तै हैं बस…

कट गई झगड़े में सारी रात वस्ल-ए-यार की

कट गई झगड़े में सारी रात वस्ल-ए-यार की शाम को बोसा लिया था, सुबह तक तक़रार की ज़िन्दगी मुमकिन नहीं अब आशिक़-ए-बीमार की छिद गई हैं बरछियाँ दिल में निगाह-ए-यार…